Search News
वर्दी पहनकर कानून व्यवस्था संभालना और सुरों से लोगों का दिल जीतना, मेरठ के पुलिसकर्मी कपिल दिनकर की पहचान है। सोशल मीडिया पर ‘वर्दी वाले रॉकस्टार’ के नाम से मशहूर कपिल आज युवाओं के लिए प्रेरणा हैं। उन्होंने साबित किया है कि जिम्मेदारियों के साथ अपने जुनून को भी जिंदा रखा जा सकता है।
कपिल दिनकर का संगीत से जुड़ाव बचपन से रहा। स्कूल की प्रार्थना और सांस्कृतिक कार्यक्रमों से शुरू हुआ उनका सफर कॉलेज तक पहुंचा। यहां उन्होंने अपना बैंड बनाया और मंच पर परफॉर्म करना शुरू किया। हालांकि परिवार की इच्छा को प्राथमिकता देते हुए उन्होंने पुलिस विभाग में नौकरी जॉइन कर ली।
पुलिस की नौकरी के साथ संगीत को समय देना आसान नहीं था, लेकिन कपिल ने अपने जुनून को कभी खत्म नहीं होने दिया। मेरठ महोत्सव में उनकी प्रस्तुति वायरल होने के बाद उन्हें ‘वर्दी वाले रॉकस्टार’ के नाम से पहचान मिली। अब वह संगीत, लेखन और अपनी आने वाली म्यूजिक एल्बम के जरिए लोगों तक जिंदगी के अनुभव पहुंचाने की तैयारी कर रहे हैं।
SZN MEDIA से कपिल की खास बातचीत पढ़िए……
2021 में पुलिस विभाग में कॉन्सटेबल बने
दिल्ली के रहने वाले कपिल दिनकर ने पुलिस विभाग में कॉन्सटेबल हैं। 2021 में उनकी पहली जॉइनिंग मेरठ सदर थाने में हुई थी। कपिल ने बताया कि मेरी मां का सपना था कि उनका बेटा वर्दी पहने। परिवार की भावनाओं और जिम्मेदारियों को समझते हुए मैंने पुलिस विभाग में नौकरी जॉइन कर ली, लेकिन संगीत हमेशा से मेरी जिंदगी का हिस्सा रहा।
मैं ज्यादातर रात की शिफ्ट में ड्यूटी करता हूं और अपने आराम के समय में कटौती कर संगीत को समय देता हूं। संगीत मुझे थकाता नहीं, बल्कि मानसिक सुकून देता है। कपिल दिनकर को सबसे ज्यादा पहचान मेरठ महोत्सव में दी गई प्रस्तुति से मिली। उनके गाए गीतों और स्टेज प्रेजेंस को लोगों ने खूब पसंद किया।
कार्यक्रम के वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुए और देखते ही देखते लोग उन्हें ‘वर्दी वाले रॉकस्टार’ के नाम से पहचानने लगे। कपिल ने बताया कि उस दौरान हर रिफ्रेश के साथ वीडियो के व्यूज हजारों की संख्या में बढ़ते नजर आ रहे थे।
‘पंजाबी सिंगर बब्बू मान मेरे सबसे बड़े इंस्पिरेशन’
कपिल दिनकर ने बताया- मेरी प्रस्तुति को पुलिस विभाग में भी काफी सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली। कई साथी पुलिसकर्मी मुझसे कहते हैं कि विभाग में ऐसे और लोग होने चाहिए, क्योंकि संगीत और सकारात्मक माहौल तनाव कम करने में मदद करता है। म्यूजिक केवल उनका जुनून नहीं, बल्कि स्ट्रेस रिलीज और इमोशनल बैलेंस बनाए रखने का भी जरिया है।
कपिल ने बताया कि बचपन में मैं क्रिकेटर बनना चाहता था और मैंने क्रिकेट भी खेला। लेकिन समय के साथ मुझे महसूस हुआ कि मेरी असली पहचान संगीत में है। मेरा मानना है कि जिंदगी इंसान को कई बार उसी दिशा में ले जाती है, जहां वह वास्तव में बेहतर कर सकता है।
कपिल दिनकर ने बताया कि पंजाबी सिंगर बब्बू मान मेरे सबसे बड़े इंस्पिरेशन हैं। बब्बू मान की एक फिल्म के पोस्टर पर उनके नाम के आगे सिंगर, गीतकार, कंपोजर और एक्टर लिखा देखकर मुझे भी लिखने और खुद पर काम करने की प्रेरणा मिली। इसी के बाद मैंने गीत लिखना शुरू किया और अब वह लेखन पर भी काम कर रहे हैं।
हर व्यक्ति को अपने भीतर की क्रिएटिविटी और शौक जिंदा रखना चाहिए
कपिल दिनकर ने बताया कि मैं जीवन के अनुभवों पर आधारित एक खास म्यूजिक एल्बम तैयार करने की योजना बना रहा हूं। किताब लिखने पर भी काम कर रहा हूं। जिंदगी से ज्यादा खूबसूरत कोई चीज नहीं है और उसी खूबसूरती को मैं अपने संगीत और लेखन के जरिए लोगों तक पहुंचाना चाहता हूं।
कपिल दिनकर ने कहा- हर व्यक्ति को अपने भीतर की क्रिएटिविटी और किसी न किसी शौक को हमेशा जिंदा रखना चाहिए। जरूरी नहीं कि हर पैशन प्रोफेशन बने, लेकिन इंसान की क्रिएटिविटी को कभी खत्म नहीं होना चाहिए। एक शौक बचा लो, वो तुम्हें बचा लेगा।
Latest News